भोपाल: देश में कोरोना की तीसरी लहर आ चुकी है. मध्य प्रदेश में भी संक्रमण की स्पीड हाई है. बढ़ते केसेस ने शादियों पर संकट गहरा दिया है. दरअसल 14 जनवरी के बाद से शादियों का शुभ मुहूर्त शुरू हो रहा है, जो जुलाई तक रहेगा. लेकिन कोरोना के बढ़ते मामलों के कारण शिवराज सरकार ने पाबंदियां बढ़ा दी है. यानी शहनाई की गूंज पर असमंजस है और इससे जुड़े लोग परेशान.
शादी में 250 से ज्यादा मेहमान नहीं
मध्यप्रदेश में कोरोना की नई गाइडलाइन जारी हो गई है. शादी-ब्याह में अधिकतम 250 मेहमान ही शामिल हो पाएंगे. वहीं शव यात्रा में 50 लोगों को अनुमति रहेगी. प्रदेश में बड़े मेलों पर भी रोक लग गई है. यह फैसला मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कोरोना की समीक्षा बैठक में लिया है. इसके साथ ही मुख्यमंत्री ने इंदौर, भोपाल, जबलपुर और ग्वालियर के कलेक्टरों से बात कर प्रशासन को अलर्ट रहने काे कहा है.
पाबंदियों के बीच 12500 शादियां
आनेवाले शुभ मुहूर्त में प्रदेश के चार बड़े शहरों इंदौर, भोपाल, जबलपुर और ग्वालियर में ही करीब 12 हजार 500 शादियां हैं. वहीं बढ़ते संक्रमण के कारण जिन घरों में शादियां हैं, वहां लोग असमंजस में हैं. एक तो संक्रमण का खौफ ऊपर से पाबंदियों के बीच शादी.ऐसे में परिवार के सदस्य इस बात को लेकर अधिक असमंजस में है कि किसे बुलाएं और किसे नहीं. लोग सपरिवार आमंत्रण देने की बजाय परिवार से एक ही व्यक्ति को शादी में बुला रहे हैं. शादी की रस्मों के हिसाब से मेहमानों को आमंत्रण दिए जा रहे हैं, ताकि सीमित संख्या में मेहमान शामिल भी हों और सभी को शिरकत करने का मौका भी मिले. इसके लिए परिवार के सदस्यों ने एक नया तरीका निकाला है, जिसमें मंडप, माता पूजन, तिलकोत्सव जैसी रस्मों के हिसाब से बाहरी मेहमानों को आमंत्रण दे रहे हैं, ताकि भीड़ भी न हो और सभी लोग शादी में शामिल भी हो सकें.
वेडिंग कार्ड में मास्क लगाने की गुहार
2 सालों से कोराेना महामारी झेलने के बाद बहुत से लोग जागरूक भी हुए हैं. यही कारण है कि शादी के कार्ड में पहले जहां बाल मनुहार लिखा होता था, अब वहां मास्क लगाकर शादी में आने की गुहार दिख रही है. इसी तरह से निमंत्रण कार्ड में सोशल डिस्टेसिंग का पालन करने और सीमित संख्या में ही मेहमानों को बुलाने की शुरुआत हो चुकी है. ताकि शादी के दिन उन्हें अप्रिय स्थिति का सामना नहीं करना पड़े.
इधर शादी का मुहूर्त उधर कोरोना का बढ़ता डर
पिछले कुछ दिनों से शहडोल जिले में भी कोरोना का संक्रमण बढ़ता ही जा रहा है. मंगलवार तक शहडोल जिले में 28 कोरोना के एक्टिव केस हो चुके हैं,और जिस तरह से पिछले कुछ दिन से कोरोना के केस मिल रहे हैं उसे देखकर यही लग रहा है एक्टिव केस की संख्या अभी और बढ़ेगी. वहीं 15 जनवरी से शादियों के शुभ मुहूर्त शुरू हो रहे हैं. पिछले कई महीनों से लोग घरों में शादियों की तैयारी में जुटे हुए हैं. अब कोरोना का कहर भी शुरू हो गया है. ऐसे में लोग काफी असमंजस में हैं और चिंतित भी हैं कि वह करें तो करें क्या. सबसे बड़ी विडंबना यह है कि अगर वह शादियों के लिए बड़ी तैयारियां कर लेते हैं और संक्रमण के कारण पाबंदियां और सख्त हो गई तो फिर ऐसा ना हो कि उनका खर्चा भी बड़ा हो जाए और वह लोगों को बुला भी ना पाएं.
जुलाई तक में शादियों के 60 शुभ मुहूर्त ज्योतिषाचार्य बताते हैं कि इस बार शादी विवाह के शुभ मुहूर्त 15 जनवरी से शुरू हो रहे हैं. 14 जनवरी को सूर्य उत्तरायण होंगे और जैसे सूर्य उत्तरायण होंगे तो विवाह के शुभ मुहूर्त शुरू हो जाएंगे. उनके अनुसार, जनवरी से लेकर जुलाई के बीच में कुल 60 शुभ मुहूर्त विवाह के बन रहे हैं. जबकि मार्च में कोई मुहूर्त नहीं है, क्योंकि मार्च में होलाष्टक लग जाता है और होली के बाद उसे खरमास बोलते हैं और खरमास में शादियां नहीं होती हैं. वहीं जुलाई के बाद से मुहूर्त बंद हो जाते हैं.
मुहूर्त दोबारा निकलवा रहें लोग ज्योतिषाचार्य बताते हैं कि अभी जनवरी और फरवरी माह के सभी विवाह के मुहूर्त बनाए हुए हैं. लेकिन अब लोग फिर वापस आ रहे हैं, और दूसरे मुहूर्त के बारे में जानकारी ले रहे हैं. दरअसल कोरोना केस बढ़ रहे हैं, और मुहूर्त भी नज़दीक है ऐसे में लोग असमंजस में हैं, और चिंतित भी हैं.
शादी के कार्ड बांटे या नहीं!कोरोना के बढ़ते कहर के कारण लोग डरे हुए हैं. वहीं मुहूर्त भी नजदीक आ रहा है, कार्ड भी छप चुके हैं, मैरिज हॉल भी बुक हो चुके हैं. कुछ लोग बुक करने की तैयारी में है. लेकिन समस्या यह है कि कार्ड बांटे कि ना बांटे. अगर बांट देंगे तो फिर किसे मना करेंगे, अगर कोरोना के केस बढ़ जाएंगे तो लोग आएंगे भी या नहीं आएंगे. मैरिज हॉल जो लोग अभी बुक नहीं किये हैं, वो अलग ही चिंतित हैं कि आजकल हर जगह एडवांस का जमाना है मैरिज हॉल बुक कर दो और पता चले वहां भी नुकसान हो जाएं.
दुकानदार भी चिंतित
जिस तरह से कोरोना के केस बढ़ने शुरू हो गए हैं और विवाह के शुभ मुहूर्त का समय भी करीब आ रहा है, ऐसे में व्यापारी वर्ग भी बहुत परेशान है. वजह है कि विवाह के मुहूर्त को देखते हुए व्यापारियों ने अपना दुकानों में सामान तो भर दिया है और उसे अब बेचने की तैयारी हैं. लेकिन अगर कोरोना केस इसी तरह बढ़ते रहे और पाबंदियां फिर से लगनी शुरू हो गई तो शादी ब्याह भी कम हो जाएंगे. ऐसे में उनकी बिक्री नहीं होगा.उनका व्यापार तो चौपट ही हो जाएगा.