इंदौर के तलावली चांदा तालाब में डूबने से दो बच्चों की मौत हो गई। तीन दोस्त सुबह 9 बजे तालाब में नहाने गए थे। दो बच्चे डूबने लगे तो उसने तीसरे दोस्त ने परिजनों को सूचना दी। पांच घंटे बाद तालाब मेें से दोनों बच्चों के शव निकाले गए। तालाब में सुरक्षा के इंतजाम नहीं थे और न ही कोई बोर्ड लगा था।
तलावाली चांदा के तालाब में सुुबह लक्की और रोहन अपने एक अन्य दोस्त के साथ नहाने गए थेे। लक्की को तैरना नहीं आता था। रोहन उसे अपनी पीठ के सहारे उसे गहरे पानी में ले गए। जब वह डूबने लगा तो रोहन ने उसे बचाने की कोशिश की, लेकिन लक्की ने उसे भी पकड़ लिया और दोनो गहरे पानी में समा गए। किनारे पर बैठा उनका दोस्त मदद के लिए बस्ती की तरफ भागा और लोगों को बुलाया, लेकिन तब तक लक्की और रोहन डूब चुके थे।
ग्रामीणों ने अपने स्तर पर खोजबीन के प्रयास किए। बाद मेें पुलिस को सूचना दी। आधे घंटे बाद पहुंचा बचाव दल दोनो बच्चों को खोजने तालाब में उतरा। दो नावों की मदद से सुबह साढ़े 9 बजे से दोनो बच्चों की खोज शुरू हुई। दोपहर 3 बजे दोनों के शव तालाब से बाहर निकाले जा सके।
पिकअप वाहन में ले जाने पड़े शव
बच्चों के डूबने की घटना के बाद मौके पर प्रशासन और पुलिस के अफसर भी पहुंचे,लेकिन मौके पर एम्बुलेंस तक का इंतजाम नहीं था। जब बच्चों के शव तालाब से निकले तो उन्हें पिकअप वाहन में रखकर पोस्टमार्टम के लिए एमवाय अस्पताल पहुंचाया गया। तालाब पर बस्तीवालों की भीड़ भी जमा हो गई थी। शवों को पिकअप वाहन तक ले जाने के लिए चारपाई का इंतजाम किया गया।









