
इंदौर : शहर का पश्चिमी बायपास भले ही अभी तैयार नहीं हो सका, लेकिन इंदौर विकास प्राधिकरण 100किलोमीटर की नई रिंग रोड बनाने की योजना बना रहा है। इस रिंग रोड के आसपास लाखों पौधे लगाकर प्राधिकरण शहर की बाउंड्री को हरा-भरा बनाना चाहता है। इस रिंग रोड में 30 गांवों की जमीन आ रही है और3300 हेक्टेयर जमीन की जरुरत होगी। यह रिंग रोड बेटमा रोड से शुरु होकर राऊखेड़ी, तिल्लौर, दतोदा जैसे ग्रामीण क्षेत्रों से निकल कर इंदौर अहमदाबाद रोड को जोड़ेगी। प्राधिकरण अध्यक्ष जयपाल सिंह चावड़ा ने बताया कि पश्चिमी बायपास भी इस ग्रीन कॉरिडोर का ही हिस्सा होगा। आईडीए ने नगर तथा ग्राम निवेश विभाग को मास्टर प्लान में इस रिंग रोड को शामिल करने के लिए कहा है।
बोर्ड बैठक में इस प्रोजेक्ट के अलावा अन्य एजेंडों को मंजूरी दी गई। बोर्ड सदस्यों ने एमआर-10 पर बन रहे बस स्टेशन के ठेकेदार को भी बुलाया था और निर्माण में हो रही देरी की वजह पूछी। ठेकेदार ने कहा कि स्टेशन के छत के लिए जो सामग्री लगती है। उसे पीथमपुर में सिर्फ एक ही कंपनी बनाती है। इस कारण देरी हो रही है। ठेकेदार ने 31 जुलाई तक निर्माण पूरा करने की बात कही है।
दो स्कीमों में 800 करोड़ के विकास कार्य
आईडीए ने बिचौली हप्सी, टिगरिया राव और कनाड़िया की 261 हेक्टेयर जमीन पर लागू की टीपीएस 9और पालाखेडी, टिगरिया बादशाह, पालाखेडी की टीपीएस-9 में विकास कार्य शुरु करने के लिए 800 करोड़ रुपये की मंजूरी दी है। इन दोनो स्कीमों को शासन से भी मंजूरी मिल चुकी है।
एमआर-4 में बाधक भागीरथपुरा बस्ती को देंगे मकान
एमआर-4 का निर्माण नगर निगम कर रहा है। इसके लिए इंदौर विकास प्राधिकरण ने इसके लिए नगर निगम को राशि भी दी है। सड़क निर्माण में भागीरथपुरा बस्ती के 80 से ज्यादा मकान बाधक बने हुए है। बोर्ड बैठक में तय हुआ कि प्रभावितों को प्लॉट या मकान दिए जाएंगे।
यह फैसले हुए बोर्ड बैठक में
– नई लोहामंडी और चाय किराना व्यापारियों को आवंटित प्लॉटों की जांच के लिए एक कमेटी गठित की गई है। कमेटी बोर्ड को रिपोर्ट तैयार कर देगी।
– अरण्य स्कीम में बेचे गए प्लॉटों की लीज को लेकर भी बोर्ड बैठक में चर्चा हुई। बैठक में तय हुआ कि प्राधिकरण का काम संपत्ति बेचना है, जबकि लीज नवीनीकरण के लिए मकानों के मंजूर नक्शे मांगे जा रहे है। यह प्राधिकरण के अधिकार क्षेत्र का मामला ही नहीं है।
-स्कीम-140 में आवंटित 192 प्लॉटों को लेकर प्राधिकरण विधिक राय लेने का निर्णय लिया है।