कमिश्नर आकाश त्रिपाठी की अध्यक्षता में आज एमवाय अस्पताल सभाकक्ष में एमवाय अस्पताल के संबंध में समीक्षा बैठक आयोजित की गई। इस अवसर पर कमिश्नर श्री त्रिपाठी ने कहा कि एमवाय अस्पताल में निजी अस्पताल जैसी सुविधाएं होना जरूरी है। यहाँ पर सभी मरीजों को हर तरह की मूलभूत सुविधाएं मिलना आवश्यक है। उन्होंने यह भी कहा कि सभी निर्माण कार्य और खरीदी टेण्डर कोटेशन के जरिये नियमानुसार की जाये। उन्होंने एमवाय अस्पताल की कंडम सामग्री को राइटऑफ करने के भी निर्देश दिये। उन्होंने कहा कि एमवाय अस्पताल की बर्न यूनिट के कायाकल्प का काम लोक निर्माण विभाग द्वारा 31 मार्च से पूर्व पूरा कर लिया जाये।
बैठक में पार्किंग, ग्रीन एरिया, सीवर लाइन के कायाकल्प के संबंध में भी चर्चा की गई। बैठक में कमिश्नर श्री त्रिपाठी ने कहा कि एमवाय अस्पताल का प्रवेश द्वार निजी अस्पतालों (टाटा मेमोरियल या बाम्बे अस्पताल) जैसा होना चाहिये, क्योंकि फर्स्ट इम्प्रेशन इज़ लास्ट इम्प्रेशन। बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि एमवाय अस्पताल में अब पैरामेडिकल स्टाफ के एप्रन सफेद के बजाय अलग-अलग वर्ग के कर्मचारियों की अलग-अलग रंग की एप्रन होगी तथा मरीजों के बिस्तर की चादर हफ्ते में एक दिन सफेद बाकि छ: दिन रंगीन बिछायी जायेगी। बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि समाजसेवी संस्थाओं द्वारा खुले में भोजन के वितरण पर रोक जारी रहेगी।
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