मध्यप्रदेश छिंदवाड़ा में शिवसेना (उद्धव बालासाहेब ठाकरे) के नेता आदित्य ठाकरे ने शुक्रवार को कहा कि वह चाहते हैं कि कांग्रेस की मध्य प्रदेश इकाई के प्रमुख कमलनाथ साल के अंत में प्रस्तावित विधानसभा चुनाव के बाद एक बार फिर राज्य के मुख्यमंत्री बनें.मध्य प्रदेश के छिंदवाड़ा जिले की पांढुर्णा तहसील में छत्रपति शिवाजी महाराज की एक प्रतिमा का अनावरण करने के बाद महाराष्ट्र के पूर्व मंत्री आदित्य ठाकरे, कमलनाथ और उनके बेटे नकुलनाथ के साथ एक कार्यक्रम में शिरकत कर रहे थे. इस इलाके में बड़ी संख्या में मराठी भाषी लोग रहते हैं.
‘कमलनाथ से शपथ ग्रहण का समय और दिन पूछने आया’
आदित्य ने कहा, ‘‘मैं यहां (कमलनाथ के) शपथ ग्रहण समारोह का समय और दिन पूछने आया हूं. मुझे शपथ ग्रहण समारोह में आने के लिए टिकट बुक करना होगा. मैं आपको फिर से उस कुर्सी पर देखना चाहता हूं.’’
शिवसेना (यूबीटी) के नेता ने कहा कि कमलनाथ काफी ख्याल रखने वाले व्यक्ति हैं. आदित्य ने कहा कि महाराष्ट्र में जब महा विकास आघाड़ी (एमवीए) गठबंधन सत्ता में था तो कांग्रेस के वरिष्ठ नेता कमलनाथ अक्सर रात में फोन करके पूछते थे कि शिवसेना-राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी-कांग्रेस सरकार कैसा काम कर रही है.कमलनाथ ने अपने भाषण में कहा कि उनके आदित्य के दादा दिवंगत बाल ठाकरे के साथ करीबी रिश्ते थे और उन्होंने उनसे राजनीतिक रूप से बहुत कुछ सीखा. कांग्रेस नेता ने कहा कि उनके परिवार और ठाकरे परिवार के बीच मजबूत संबंध हैं.
शिवराज सिंह ने कमलनाथ को बताया रोने वाला मुख्यमंत्री
इधर जबलपुर में जन आशीर्वाद यात्रा के दौरान कमलनाथ को लेकर सीएम शिवराज सिंह चौहान ने बड़ा दे दिया. सीएम शिवराज ने कमलनाथ को रोने वाला मुख्यमंत्री बताया है.वे यहीं नहीं रुकें शिवराज सिंह ने कमलनाथ को उनके 15 माह के मुख्यमंत्रित्व काल के बहाने जमकर घेरा है.उन्होंने कहा कि कमलनाथ हमेशा रोने वाले मुख्यमंत्री थे.मध्यप्रदेश को ऐसा रोने वाला मुख्यमंत्री नहीं चाहिए. सीएम शिवराज ने यह भी कहा कि वे मध्यप्रदेश में सरकार नहीं बल्कि परिवार चला रहे है.
सीएम शिवराज सिंह चौहान ने शुक्रवार (22 सितम्बर) को जबलपुर की दो विधानसभा सीटों पर जन आशीर्वाद यात्रा निकालने के बाद पब्लिक मीटिंग में कमलनाथ की सवा साल की सरकार पर जनता के साथ पाप करने का आरोप लगाया.उन्होंने कहा कि, “सवा साल में कमलनाथ ने पूरे मध्यप्रदेश को तबाह और बर्बाद कर दिया था.मेरी बहनों की सारी योजना बन्द कर दी है”.









