सुप्रीम कोर्ट ने सेना में महिलाओं को स्थायी कमीशन की मंजूरी दी। कोर्ट ने फैसला सुनाते हुए कहा कि केंद्र सरकार को अपनी मानसिकता बदलनी होगी। इस फैसले के बाद अब महिलाओं को सभी ब्रांच में कमांडिग रोल मिल गया. लेकिन कॉम्बेट रोल अभी भी नहीं दिया गया है. सेना में महिलाओं की भर्ती की प्रक्रिया 1993 में शुरू हुई थी. साल 2008 में सेना की दो ब्रांच में उन्हें स्थायी कमीशन दिया गया. जिसमें जज एडवोकेट जनरल और आर्मी एजुकेशन कोर शामिल हैं.
आईटी कॉन्क्लेव-2025 में गूगल-माइक्रोसॉफ्ट करेंगी शिरकत:जीआईएस-2025 की घोषणाओं को निवेश में बदलने की पहल, 27 अप्रैल को होगा आयोजन
इंदौर में आयोजित होने वाले आईटी कॉन्क्लेव में गूगल, माइक्रोसॉफ्ट और एनवीडिया जैसी बड़ी कंपनियां उपस्थिति दर्ज कराएंगी।मध्य प्रदेश सरकार का विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग 27 अप्रैल को इंदौर के…









