राजस्थान के पूर्व उपमुख्यमंत्री सचिन पायलट ने लगातार मध्य प्रदेश का चुनावी दौरा किया. मध्य प्रदेश में चुनाव के लिए स्टार प्रचारक के रूप में सचिन पायलट को 24वां स्थान मिला और राजस्थान में स्टार प्रचारक के रूप में उन्हें 10वां स्थान मिला. कांग्रेस ने इस बार भी सचिन पायलट टोंक सीट से प्रत्याशी बनाया है. हालांकि सचिन पायलट के राजस्थान की जगह लगातार मध्य प्रदेश में चुनावी दौरा करने को लेकर इसके कई सियासी मायने निकाले जा रहे हैं.
इसकी वजह ये बताई जा रही है कि जब हिमाचल प्रदेश में विधानसभा के चुनाव हुए तब सचिन पायलट ने गुजरात की जगह हिमाचल में अधिक दौरे किये थे. वहां पर कांग्रेस को जीत मिली थी. उस परिणाम के यहां पर खूब सियासी मायने निकाले गए थे. अब सचिन पायलट लगातार मध्य प्रदेश में चुनावी दौरे पर दिखाई दे रहे हैं. इसको लेकर भी सियासी चर्चाएं तेज हो गई है.
चार नवंबर के बाद सिर्फ टोंक में पायलट
राजस्थान में 31 अक्टूबर को टोंक विधानसभा सीट से अपना नामांकन दाखिल करने के बाद सचिन पायलट ने डीडवाना-कुचामन जिले में चुनावी दौरा किया. जिसमें उनके खास दो विधायकों के क्षेत्र शामिल हैं. इसके अलावा परबतसर में रामनिवास गावड़िया और लाडनूं विधानसभा से विधायक मुकेश भाकर के नामांकन कार्यक्रम में जनसभा को संबोधित किया था. उसके बाद से सचिन पायलट सिर्फ टोंक में ही डटे हुए थे. मगर, अब वह लगातार मध्य प्रदेश का चुनवी दौरा कर रहे हैं.
मध्य प्रदेश में पायलट के चुनावी दौरे
सचिन पायलट ने 7 नवंबर को जबलपुर के सिहोरा में जनसभा को संबोधित किया है. 14 नवंबर को उज्जैन जिले के तराना में उन्होंने चुनाव प्रचार किया था. उसके बाद राजगढ़ जिले के खिलचीपुर और देवास के सोनकच्छ में भी चुनाव प्रचार किया है. 15 नवंबर को शिवपुरी जिले के कोलारस, मुरैना के अटेर, भिंड के मेहगांव में सभाएं हुई हैं. इसके अलावा उनकी भिंड के गोहद में सभाएं हुई है. सचिन पायलट ने ट्वीट किया है कि मध्य प्रदेश की अटेर विधानसभा में कांग्रेस प्रत्याशी हेमंत कटारे के समर्थन में जनसभा को संबोधित किया, उपस्थित जनसमुदाय ने कांग्रेस को विजयी बनाने का संकल्प दिखाया, उसके लिए आभार.









