तिरुवनंतपुरम ।
केरल की स्वास्थ्य मंत्री वीना जॉर्ज ने बुधवार को कहा कि तिरुवनंतपुरम के अनायरा इलाके के तीन किलोमीटर के दायरे में जीका वायरस संक्रमण के एक समूह(क्लस्टर) की पहचान की गई है। राज्य में जीका वायरस की स्थिति पर अधिकारियों के साथ बैठक के बाद पत्रकारों से बात करते हुए स्वास्थ्य मंत्री वीना जॉर्ज ने कहा कि इस बीमारी की रोकथाम और प्रसार रोकने के लिए मच्छरों के लिए फॉगिंग को प्रभावित क्षेत्रों में तेज किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि हमने एक सूक्ष्म योजना विकसित की है और रेक्टर नियंत्रण गतिविधियों को तेज करने का निर्णय लिया है और फॉगिंग भी तेज कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि तिरुवनंतपुरम नगर निगम ने गतिविधियों को तेज कर दिया है और जिला प्रशासन भी इसका हिस्सा होगा और सभी विभागों का समन्वय करेगा। वे अगले 7 दिन फॉगिंग करेंगे।
उन्होंने कहा कि डीएमओ कार्यालय से एक नियंत्रण कक्ष ने काम करना शुरू कर दिया है जो चौबीसों घंटे काम करेगा। जो लोग जीका वायरस के बारे में जानकारी या संदेह के बारे में नियंत्रण कक्ष से संपर्क कर सकते हैं।
केरल राज्य में जीका वायरस के कुल मामलों की संख्या 23 हो गई है। केरल में 9 जुलाई को जीका वायरस के पहले मामले की पुष्टि हुई थी। मच्छर जनित जीका वायरस को लेकर सभी जिलों में हाई अलर्ट जारी कर दिया गया है। ये मामले ऐसी स्थिति में सामने आए हैं जब केरल कोविड -19 महामारी से लड़ रहा है। स्वास्थ्य मंत्री वीना जॉर्ज ने जनता से जीका वायरस को लेकर सतर्क रहने का आग्रह किया है। स्वास्थ्य मंत्री ने जिला चिकित्सा अधिकारी को संक्रमण प्रभावित क्षेत्रों में निगरानी बढ़ाने के भी निर्देश दिए हैं।









