मथुरा: सिविल जज सीनियर डिवीजन की कोर्ट में मंगलवार को श्रीकृष्ण जन्मभूमि मामले को लेकर दो याचिकाओं पर सुबह 10:00 बजे सुनवाई होगी. एक याचिका रंजना अग्निहोत्री की है और दूसरी लॉ स्टूडेंट ने दायर की है. पिछले दिनों जिला जज ने श्रीकृष्ण जन्मभूमि परिसर से शाही ईदगाह मस्जिद हटाने लेकर दर्ज रंजना अग्निहोत्री की याचिका स्वीकार कर ली गई थी.
गौरतलब है कि रंजना अग्निहोत्री ने 2 वर्ष पूर्व श्रीकृष्ण जन्मभूमि परिसर से शाही ईदगाह मस्जिद हटाने की मांग को लेकर न्यायालय में याचिका दाखिल की गई थी. पिछले दिनों जिला जज ने याचिका को स्वीकार करते हुए लोअर कोर्ट में सुनवाई के निर्देश दिए थे. रंजना की याचिका पर मंगलवार को सुबह 10:00 बजे सिविल जज सीनियर डिवीजन की कोर्ट में सुनवाई होगी. वादी के अधिवक्ता गोपाल खंडेलवाल और प्रतिवादी अधिवक्ता न्यायालय में उपस्थित रहेंगे.
पहली याचिका में क्या है मांग: रंजना अग्निहोत्री की याचिका में दावा किया गया है कि मुगल शासक औरंगजेब ने 1669 में उत्तर भारत में मंदिरों को तोड़कर अवैध मस्जिदों का निर्माण किया था. उन्हीं में से प्रमुख अयोध्या काशी और मथुरा के मंदिर हैं. न्यायालय में दाखिल की गई याचिका में मांग की गई है कि मुगल शासक द्वारा तोड़े गए मंदिरों को पुनर्स्थापित किया जाए और परिसर में अवैध निर्माण कर बने शाही ईदगाह मस्जिद को हटाया जाए.
दूसरी याचिका में छात्रों की ये मांग: लखनऊ और दिल्ली के लॉ छात्रों ने सिविल जज सीनियर डिविजन की कोर्ट में श्रीकृष्ण जन्मभूमि बनाम शाही ईदगाह मस्जिद प्रकरण को लेकर हर रोज सुनवाई करने की मांग को लेकर याचिका दाखिल की गई थी. इसमें कहा गया है कि श्रीकृष्ण जन्मभूमि से संबंधित सभी याचिकाएं एक ही में सम्मिलित कर ली जाएं इस मामले पर भी आज न्यायालय में सुनवाई होगी.
ये हैं वादी और प्रतिवादी पक्ष: श्रीकृष्ण जन्मभूमि बनाम शाही ईदगाह मस्जिद को लेकर जनपद के सिविल जज सीनियर डिविजन की कोर्ट में याचिकाएं दाखिल की गई थीं. उन सभी याचिकाओं में चार वादी और प्रतिवादी हैं. हिंदू पक्ष से श्रीकृष्ण जन्मभूमि सेवा संस्थान और श्रीकृष्ण जन्मभूमि सेवा ट्रस्ट है, जबकि मुस्लिम पक्ष से सेंट्रल सुन्नी वक्फ बोर्ड और शाही ईदगाह कमेटी है. सभी पक्षों के अधिवक्ता मामले को लेकर कोर्ट में समय-समय पर दलीलें देते रहे हैं.
ऐसी है मौजूदा स्थिति: श्रीकृष्ण जन्मस्थान परिसर 13.37 एकड़ में बना हुआ है. 11 एकड़ में श्री कृष्ण जन्मभूमि लीला मंच, भागवत भवन और 2.37 एकड़ में शाही ईदगाह मस्जिद बनी हुई है. श्रीकृष्ण जन्मस्थान जो प्राचीन ठाकुर विराजमान केशव देव मंदिर की जगह पर बना हुआ है. कोर्ट में दाखिल प्रार्थना पत्र में यह मांग की जा रही है कि पूरी जमीन भगवान श्रीकृष्ण जन्मभूमि को वापस की जाए.









