एमपी में न्यूयॉर्क से महंगा पेट्रोल

34.46 रुपये प्रति लीटर आने वाला कच्चा तेल क्यों हो जाता है महंगा, एमपी में इन टैक्सों के लगने से 110 के पार हुआ पेट्रोल

मध्य प्रदेश में पेट्रोल-डीजल के दामों में लगातार बेतहाशा वृद्धि की जा रही है. पेट्रोल के भाव सारे रिकॉर्ड तोड़ रहे हैं. मध्यप्रदेश में भी इन दिनों पेट्रोल-डीजल के दाम बढ़ रहे हैं. रविवार को एमपी के भोपाल में पेट्रोल के दाम 110 रुपये से अधिक रहे. जबकि शनिवार यानी 17 जुलाई को अनूपपुर में 113.10 रुपये प्रति लीटर पेट्रोल खरीदा गया.

न्यूयॉर्क से महंगा पेट्रोल
अगर अनूपपुर के पेट्रोल के दामों की तुलना न्यूयॉर्क से की जाए तो यहां दोगुने दामों पर पेट्रोल मिल रहा है. वहीं पाकिस्तान में भारत से ज्यादा सस्ता पेट्रोल मिल रहा है. पेट्रोल के दामों में उछाल कई मानकों पर निर्भर करता है. इसमें सबसे मुख्य है- पेट्रोल पर लगा टैक्स. आएये जानते हैं कि पेट्रोल पर किस तरह से टैक्स लगता है और इसके अलावा क्या कारण हैं, जिससे पेट्रोल महंगा मिलता है.

ऐसे महंगा हो रहा पेट्रोल

मध्य प्रदेश में पेट्रोल को लेकर समझते हैं. एक लीटर पेट्रोल पर प्रदेश में केंद्र सरकार 33 फीसदी उत्पाद शुल्क यानी एक्साइज ड्यूटी लगाती है. इस टैक्स के ऊपर फिर सेस लगाया जाता है. एमपी में फिलहाल पेट्रोल पर 4.50 रुपए सेस लग रहा है. यानी पेट्रोल की कीमतों में 55 फीसदी तो टैक्स ही शामिल है. पेट्रोल पर कितना टैक्स लग रहा है और आप तक पहुंचते-पहुंचते यह कितना महंगा हो जाता है.

केंद्र और राज्य सरकारों की मोटी कमाई
बीते छह साल में मोदी सरकार की पेट्रोल-डीजल से कमाई 307 फीसदी तक बढ़ी है. अगर पेट्रोल-डीजल पर एक रुपये का उत्पाद शुल्क भी बढ़ता है, तो सरकार की सालाना कमाई 14 हजार करोड़ रुपये तक बढ़ जाती है. पेट्रोलियम मंत्रालय के आंकड़े बताते हैं कि पेट्रोलियम उत्पादों पर वैट से राज्य सरकारों ने 2019-20 में 2 लाख करोड़ रुपये और अप्रैल-दिसंबर 2020-21 में 1.35 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा कमाई की. वहीं, केंद्र सरकार ने पेट्रोलियम उत्पादों पर उत्पाद शुल्क से 2019-20 में 2.39 लाख करोड़ रुपये और 2020-21 में 3.89 लाख करोड़ रुपये का राजस्व कमाया.

तेल कंपनियां बार-बार बढ़ा रहीं दाम
बता दें कि तेल कंपनियां रोज पेट्रोल-डीजल की कीमतें तय करती हैं. इस साल पांच राज्यों के विधानसभा चुनाव के नतीजे आने के बाद 4 मई से कीमतें बढ़ना शुरू हुईं. अब तक कीमतों में 41 बार इजाफे की वजह से पेट्रोल करीब 11.5 रुपये तक महंगा हो चुका है. डीजल के दाम भी बीते 75 दिनों में 37 बार बढ़े हैं.

आयात पर खर्च ज्यादा
पेट्रोल-डीजल की कीमतों की दर बढ़ने का एक बड़ा कारण पेट्रोल का आयात भी है. भारत अपनी जरूरत का 80 से 85 फीसदी कच्चा तेल आयात करता है. कच्चा तेल आयात करने वाला भारत दुनिया का तीसरा बड़ा देश है. यह कच्चा तेल यानी क्रूड ऑयल बैरल में आयात किया जाता है. एक बैरल में 158.98 लीटर कच्चा तेल आता है. रविवार को यह 73.30 डॉलर प्रति बैरल यानी 5480 रुपये था. इस हिसाब से अंतरराष्ट्रीय बाजार में एक लीटर कच्चे तेल की कीमत 34.46 रुपये है.

  • सम्बंधित खबरे

    MP में बनेगा पुलिस भर्ती बोर्ड; CM ने कहा- 3 साल में सभी पद भरेंगे, इनको मिलेगा आरक्षण और 6वां वेतनमान

    मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने 15 अगस्त को बड़ा ऐलान करते हुए कहा है कि “हमारी पुलिस बेहद चुनौतियों के बीच अपना दायित्व निर्वहन करती है. इसलिए…

    आंगनवाड़ी कार्यकर्ता और सहायिका भर्ती के लिए आखिरी मौका! अब तक 2.70 लाख से अधिक आवेदन प्राप्त

    महिला एवं बाल विकास विभाग के आंगनवाड़ी कार्यकर्ता एवं आंगनवाड़ी सहायिका के रिक्त पदों की पूर्ति के लिए जारी की गई ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया को अभूतपूर्व प्रतिक्रिया मिल रही है.…

    व्यापार

    घी, साबुन और स्नैक्स होंगे सस्ते? 12% GST स्लैब हटाने की तैयारी में मोदी सरकार

    घी, साबुन और स्नैक्स होंगे सस्ते? 12% GST स्लैब हटाने की तैयारी में मोदी सरकार

    शेयर बाजार की सपाट शुरुआत; हरे निशान पर सेंसेक्स, निफ्टी भी उछला

    शेयर बाजार की सपाट शुरुआत; हरे निशान पर सेंसेक्स, निफ्टी भी उछला

    ट्रेन टिकट से लेकर एलपीजी गैस की कीमतों तक..; आज से लागू हो रहे ये बदलाव, जेब पर पड़ेगा सीधा असर

    ट्रेन टिकट से लेकर एलपीजी गैस की कीमतों तक..; आज से लागू हो रहे ये बदलाव, जेब पर पड़ेगा सीधा असर

    Google Pay और Paytm में आने वाला है बड़ा बदलाव, अब कुछ नंबरों पर UPI पेमेंट नहीं होगा, नया सिस्टम एक्टिव

    Google Pay और Paytm में आने वाला है बड़ा बदलाव, अब कुछ नंबरों पर UPI पेमेंट नहीं होगा, नया सिस्टम एक्टिव

    सेब के बाद अब ‘तुर्की’ से नहीं आएगा मार्बल, व्यापारियों ने पाकिस्तान को सपोर्ट करने वाले पर लिया एक्शन

    सेब के बाद अब ‘तुर्की’ से नहीं आएगा मार्बल, व्यापारियों ने पाकिस्तान को सपोर्ट करने वाले पर लिया एक्शन

    भारत में स्मार्टफोन शिपमेंट्स में 6% की गिरावट, एपल को हुआ सबसे ज्यादा फायदा

    भारत में स्मार्टफोन शिपमेंट्स में 6% की गिरावट, एपल को हुआ सबसे ज्यादा फायदा
    Translate »
    error: Content is protected !!